झूठ बोले कौवा काटे- छुट्टे पैसे – जब से 500 और हजार रुपये के नोट बंद हुए है लम्बी कतारों के बाद जब सौ सौ रुपये लोग ला रहे है वो रुपये जेब से झांक रहे हैं ऐसे मे कोई मांगे तो मना करना मुश्किल हो रहा है … क्योकि सब दिखता है
झूठ बोले कौवा काटे- छुट्टे पैसे
हर जगह खुल्ले या छुट्टे पैसे चाहिए पर मिल नही रहे या तो लम्बी लाईन मे लगो या फिर किसी से मांगो … बहुत दिक्कत वाली बात है …
पांच सौ का नोट – एक हजार रुपये और दिक्क्तों का सामना – Monica Gupta
पांच सौ का नोट – एक हजार रुपये और दिक्क्तों का सामना – बदलते इतिहास के साक्षी बने हैं हम … हालाकिं बैंंक में लम्बी कतारें हैं लोगो परेशान हो रहे हैं … read more at monicagupta.info




Leave a Reply