Monica Gupta

Writer, Author, Cartoonist, Social Worker, Blogger and a renowned YouTuber

  • About Me
  • Blog
  • Contact
  • Home
  • Blog
  • Articles
    • Poems
    • Stories
  • Blogging
    • Blogging Tips
  • Cartoons
  • Audios
  • Videos
  • Kids n Teens
  • Contact
You are here: Home / Archives for Monica Gupta

February 21, 2017 By Monica Gupta Leave a Comment

चौथा चरण मतदान – य़ूपी चुनाव 2017

चौथा चरण मतदान – य़ूपी चुनाव 2017 – राजनीति का गिरता स्तर जिस तरह से नेताओ के बात करने का तरीका, घटिया से घटिया होता जा रहा है देख सुनकर नेताओं का तो पता नही पर एक आम आदमी का सिर शर्म से जरुर झुक गया है कि हमारे देश मे ये क्या हो गया है …

चौथा चरण मतदान – य़ूपी चुनाव 2017

किसे दोष दें …

दुख इस बात का भी है कि कोई नेता कम नही सभी बराबर का और अंट शंट बोल रहे हैं और बोले ही जा रहे हैं और मीडिया अपनी बेमिसाल भूमिका निभा रहा है

चौथा चरण मतदान - य़ूपी चुनाव 2017

चौथा चरण मतदान – य़ूपी चुनाव 2017

चुनाव प्रचार के नारे – Monica Gupta

चुनाव प्रचार के नारे -चुनाव जीतने के तरीके क्या हो इसके लिए चुनाव प्रचार के नारे पर बहुत बल दिया जाता है जैसा कि मोदी जी के समय में भी लहर चली थी ‘अच्छे दिन read more at monicagupta.info

 

February 21, 2017 By Monica Gupta Leave a Comment

Mouth organ tunes – mouth organ instrumental hindi songs

मटके का पानी छी होता है क्या

Mouth organ tunes – mouth organ instrumental hindi songs – Harmonica n Monica कुछ फिल्मी गाने बेहद लुभाते हैं और मन करता है कि बार बार सुना जाए … कई बार जब गाना और भी अच्छा लगे तो मन करता है इसे हम भी बजाएं.. बहुत पहले जब कॉलिज में थे तब बजाया करते थे …

 

Mouth organ tunes – mouth organ instrumental hindi songs

Blog , You Tube ने एक मंच दिया है तो सोचा कि क्यो ना बहुत साल पहले सीखी कुछ फिल्मी गानो पर धुन इस पर सुनाई जाए और आप सभी से शेयर किया जाए … कालिज के समय मे बहुत शौक था पर तब मंच नही था … बेशक, आज रियाज नही है पर सोचा कि सांझा तो कर ही लेना चाहिए… बाकि अब रियाज जारी रखूगीं …

Mouth organ tunes – mouth organ instrumental hindi songs

link to subscribe to YouTube Channel:

https://monicagupta.info/subscribe-youtube-channel

February 21, 2017 By Monica Gupta Leave a Comment

परीक्षा के दिनों में बच्चें – एक प्रेरक कहानी

 Art of Public Speaking in Hindi

परीक्षा के दिनों में बच्चें – एक प्रेरक कहानी – pariksha ke kathin din , Exams  यानि परीक्षा आने वाली है और अब खूब पढना भी पडेगा … जो बच्चे सारा साल नियमित रहते हैं उनके लिए कोई चिंता नही पर जो बच्चे सारा साल पढाई नही करते वो सुबह सवेरे उठने में, पढने आना कानी भी करते हैं

परीक्षा के दिनों में बच्चें – एक प्रेरक कहानी

 Exams days में बच्चे अकसर अपनी मम्मी को कह कर सोते हैं कि सुबह उठा देना और वो सुबह उठाते रहते हैं और हम बस दो मिनट पांच मिनट ही करते रहते हैं पर उठते नही सोते ही रह जाते हैं … और वही जब वटसअप या फेसबुक कर रहे होते हैं तो कहते हैं बस दो मिनट मे बंद ही कर रहा हूं पर दो मिनट है कि पूरे ही नही होते … इन दोनो के पीछे एक बात कॉमन है कि हम खुद नही चाहते … खुद जब तक हमारा मन किसी काम को करने के लिए मजबूत नही होगा … खुद से फैसला नही लेगें टालते जाएगें .. टालते जाएगें खुद नही करेंगें तो काम भी नही होगा …जिस दिन खुद फैसला ले लिया उस दिन आप न सिर्फ कर पाएगें बल्कि सफल भी होंगें… इसी बारे में एक कहानी है

 

इसी बारे में एक प्रेरक कहानी है …

एक बार एक किसान के गेंहू के खेत में एक चिड़िया ने घोंसला बना रखा था। उस घोंसले में उसने अंडे दिये। कुछ समय बाद अंडो में से बच्चे निकले। चिड़िया दाना चुगने के लिए दूर जंगल में जाती थी और अपने बच्चों के लिये दाना लेकर लौटती थी। इस दौरान उसके बच्चे घोंसले में अकेले रहते थे। जब चिड़िया दाना लेकर लौटकर आती तो बच्चे बहुत खुश होते और  दानों को खाते।
एक दिन चिड़िया जब दाना लेकर लौटी तो उसने देखा कि उसके बच्चे बहुत डरे हुए हैं। उसने बच्चों से पूछा क्या बात है बच्चो ? तुम सब इतने डरे हुए क्यों हो?
बच्चों ने बताया कि “आज किसान आया था और वह कह रहा था कि फसल अब पक चुकी है, मैं कल अपने मजदूरों से फसल काटने के लिये कहूँगा। अगर उसने फसल काटी तो हमारा घोसला टूट जायेगा, फिर हम कहाँ रहेंगे?”
चिड़िया बोली “ फ़िक्र मत करो बच्चों, अभी खेत की फसल नही कटेगी।”
सच में अगले दिन कोई फसल काटने नहीं आया और चिड़िया के बच्चे बेफिक्र हो गए। लेकिन कुछ दिनों बाद चिड़िया को बच्चे फिर से डरे हुए मिले। चिड़िया के पूछने पर बच्चों ने बताया “किसान आज भी आया था और कह रहा था कि बेटे नहीं आये तो क्या हुआ? कल फसल काटने के लिए बेटों को भेजूंगा।”
इस बार भी चिड़िया ने बच्चों से कहा “डरने की जरुरत नहीं हैं, फसल कल भी नहीं कटेगी।”
ऐसे ही कुछ दिन और बीत गए। कोई फसल काटने के लिए नहीं आया।
कुछ दिन बाद एक दिन बच्चे फिर से डरे हुए थे। और उन्होंने चिड़िया को बताया कि “आज किसान फिर से आया था और कह रहा था कि दूसरों के भरोसे रहकर मैंने फसल काटने में बहुत देर कर दी है। मैं कल खुद ही फसल को काटने आऊँगा।
यह सुनकर चिड़िया बच्चों से बोली “अब हमें यह जगह छोड़कर कोई सुरक्षित जगह चले जाना चाहिए। क्योंकि कल खेत की फसल जरुर कटेगी।”
वह तुरंत बच्चों को लेकर एक दूसरे घोसले में आ गई। जिसे उसने कई दिनों से कड़ी मेहनत कर के बनाया था।
अगले दिन चिड़िया और उसके बच्चो ने देखा कि किसान ने फसल काटनी शुरू कर दी है।
बच्चों ने बड़ी हैरानी से चिड़िया से पूछा “माँ, तुमने कैसे जाना कि कल खेत की फसल कट ही जाएगी?”
चिड़िया ने बच्चो को बताया कि “जब तक इंसान किसी कार्य के लिए दूसरों पर निर्भर रहता है, वह कार्य पूरा नहीं होता है। लेकिन जब इंसान उस कार्य को खुद करने की ठान लेता है तो वो कार्य जरुर पूरा होता है। किसान जब तक दूसरों पर निर्भर था तब तक उसकी फसल नहीं कटी। लेकिन जब उसने खुद फसल काटने का फैसला किया तो उसकी फसल कट गयी।
– जब तक हम किसी भी काम के लिए दूसरों पर निर्भर रहते हैं तो उस काम के होने की सम्भावना बहुत कम होती हैं और अगर वो काम हो भी गया तो उस तरह से नहीं हो पाता जैसे हम चाहते थे। लेकिन अगर वही काम हम खुद करें तो वो काम समय पर हो भी जायेगा और जैसा हम चाहते हैं वैसा ही होता है।  मन को पक्का कीजिए … और जुट जाईए

 link to subscribe to YouTube Channel:

https://monicagupta.info/subscribe-youtube-channel

February 20, 2017 By Monica Gupta Leave a Comment

सबसे बड़ा रोग क्या कहेंगे लोग – समस्या का हल

 Art of Public Speaking in Hindi

सबसे बड़ा रोग क्या कहेंगे लोग – समस्या का हल – बहुत सारे मैसेज आते हैं कि हम कुछ करना तो करना चाह्ते हैं पर लोग क्या कहेंगें, लोग क्या सोचेगें … या लोग टोकते हैं तो मैं एक ही बात कहती हूं कि आप तो बहुत लक्की है कि आपको लोग कहते हैं … मैं तो जब कोई कार्टून या वीडियो डालती हूं तो अक्सर कमेंट और लाईक तो दूर की बात है एक चुप्पी सी हो जाती है और लोग ऐसा शो करते हैं मानो उन्होनें कुछ देखा ही नही …(हालांकि देखते सब हैं ) तो क्या मैं भी वीडियो बनाना या कार्टून बनाना छोड दूं कि कोई कुछ कहता ही नही इसलिए मुझे भी ये काम नही करना चाहिए …

सबसे बड़ा रोग क्या कहेंगे लोग – समस्या का हल

तो क्या करना चाहिए ऐसे में ?? बहुत सारे कमेंट और मैसेज मिल रहे हैं और एक कॉलम प्रोब्लम है कि लोग कहते हैं … लोग क्या कहेंगें , सबसे बड़ा रोग क्या कहेंगे लोग , लोग क्या सोचेंगे , लोग कहते हैं मैं सुंदर नही हूं लोग कहते हैं मैं आगे नही बढ सकता … उनके लिए मैं यही कहना चाहती हूं कि लोगो का काम होता है कहना …

 

 

आपने वो बात तो सुनी होगी कि एक आदमी अपने बेटे और गधे के साथ जा रहा था . वो खुद गधे पर बैठा था .. बेटा पैदल जा रहा था ..लोगो ने बोलना शुरु किया कि कैसा बाप है खुद तो आराम से बैठा है और बेटा बेचारा पैदल चल रहा है उन्होने खुद उतर कर बेटे को बैठा दिया आगे चल कर लोग बोले कैसा बेटा है खुद बैठा है और बाप पैदल चल रहा है … ये सोच कर दोनो ही बैठ गए तो लोगो ने कहा कि देखो …

कैसे लोग हैं बेचारे जानवर का तो ख्याल ही नही …

तो क्या करना चाहिए ऐसे में बहरे बन जाना चाहिए … जो ठीक लगे वही करते रहना चाहिए और आगे बढ जाना चाहिए …

एक कहानी मैं हमेशा सुनाती हूं कि कुछ लोग पहाड पर चढ रहे थे नीचे से आवाज आ रही थी कि वापिस आ जाओ तुम नही कर सकते … बहुत लोग वापिस आ गए … एक आदमी उपर तक पहुंच गया … जब वापिस आया तो उससे पूछा कि क्या आपने सुना नही था  उसने इशारा किया कि सुनाई नही दिया बस ध्यान चोटी पर था … तो अब क्या सोचा … बस सार्थक प्रयास करते रहिए … और और स्माईल .. पॉजिटिव ..
Subscribe to my channel for more videos:
https://monicagupta.info/subscribe-youtube-channel

February 19, 2017 By Monica Gupta Leave a Comment

नेताओं के विवादित बयान – पिसा आम आदमी – कैसे आए मुस्कुराहट

नेताओं के विवादित बयान में पिसा आम आदमी

नेताओं के विवादित बयान –  पिसा आम आदमी – कैसे आए मुस्कुराहट –  Controversial Statements By Indian Politicians  -चुनाव क्या आते हैं नेता जुट जाते है जनता को आकर्षित करने में … भले ही अन्य party की बुराई हो या उनके अमर्यादित बोल … आम जनता बेचारी पिस रही है वही मीडिया भी बयान बाजी खूब बढा चढा कर दिखा कर जनता को पूरी तरह भ्रमित करने में जुटा है

नेताओं के विवादित बयान – पिसा आम आदमी – कैसे आए मुस्कुराहट

आम आदमी बहुत हैरान और परेशान है और ऐसे मे जब सुना कि अगर ISRO 104 सेटेलाइट के साथ साथ कुछ नेताओं को भी अंतरिक्ष में भेज देता,तो देश का ज़्यादा भला होता …..

नेताओं के विवादित बयान - पिसा आम आदमी - कैसे आए मुस्कुराहट

नेताओं के विवादित बयान – पिसा आम आदमी – कैसे आए मुस्कुराहट

नेताओं के विवादित बयान – पिसा आम आदमी – कैसे आए मुस्कुराहट  -Controversial Statements By Indian Politicians

my channel for more videos:

https://monicagupta.info/subscribe-youtube-channel

February 19, 2017 By Monica Gupta Leave a Comment

रोचक हिंदी कहानी का खूबसूरत संसार – तीन सीख देती एक कहानी

Importance of Mothers in Life

रोचक हिंदी कहानी का खूबसूरत संसार – तीन सीख देती एक कहानी –   कहानियो का संसार बहुत रोचक होता है. कई बार हमारा मनोरंजन करती हैं तो कई बार सीख भी दे जाती हैं … एक ऐसी ही कहानी मैने पढी जोकि बहुत सीख दे गई …हमें किसी के, कुछ भी कहने पर हमें अपनी राय एकदम से बना लेनी चाहिए या फिर हमें अपनी बात साबित करने के लिए अडिग भी रहना चाहिए और बहस भी करनी चाहिए … ये कितना सही है जानने के लिए सुनिए बहुत ही शिक्षाप्रद और अच्छी कहानी…

रोचक हिंदी कहानी का खूबसूरत संसार – तीन सीख देती एक कहानी

बहुत समय पहले की बात है …  राजा था . राजा के तीन पुत्र थे, एक दिन राजा के मन में आया कि पुत्रों को को कुछ ऐसी शिक्षा दी जाये कि समय आने पर वो राज-काज सम्भाल सकें। इसी विचार के साथ राजा ने सभी पुत्रों को दरबार में बुलाया और बोला , “ पुत्रों , हमारे राज्य में नाशपाती का कोई वृक्ष नहीं है , मैं चाहता हूँ तुम सब चार-चार महीने के अंतराल पर इस वृक्ष की तलाश में जाओ और पता लगाओ कि वो कैसा होता है ?” राजा की आज्ञा पा कर तीनो पुत्र बारी-बारी से गए और वापस लौट आये। सभी पुत्रों के लौट आने पर राजा ने पुनः सभी को दरबार में बुलाया और उस पेड़ के बारे में बताने को कहा।
पहला पुत्र बोला , “ पिताजी वह पेड़ तो बिलकुल टेढ़ा – मेढ़ा , और सूखा हुआ था .”

“ नहीं -नहीं वो तो बिलकुल हरा –भरा था , लेकिन शायद उसमे कुछ कमी थी क्योंकि उसपर एक भी फल नहीं लगा था .”, दुसरे पुत्र ने पहले को बीच में ही रोकते हुए कहा।

https://www.facebook.com/linkmonicagupta

फिर तीसरा पुत्र बोला , “ भैया , लगता है आप भी कोई गलत पेड़ देख आये क्योंकि मैंने सचमुच नाशपाती का पेड़ देखा , वो बहुत ही शानदार था और फलों से लदा पड़ा था .”

और तीनो पुत्र अपनी -अपनी बात को लेकर आपस में विवाद करने लगे कि तभी राजा अपने सिंघासन से उठे और बोले , “ पुत्रों , तुम्हे आपस में बहस करने की कोई आवश्यकता नहीं है , दरअसल तुम तीनो ही वृक्ष का सही वर्णन कर रहे हो। मैंने जानबूझ कर तुम्हे अलग- अलग मौसम में वृक्ष खोजने भेजा था और तुमने जो देखा वो उस मौसम के अनुसार था।

मैं चाहता हूँ कि इस अनुभव के आधार पर तुम तीन बातों को गाँठ बाँध लो : पहली , किसी चीज के बारे में सही और पूर्ण जानकारी चाहिए तो तुम्हे उसे लम्बे समय तक देखना-परखना चाहिए . फिर चाहे वो कोई विषय हो ,वस्तु हो या फिर कोई व्यक्ति ही क्यों न हो।

दूसरी , हर मौसम एक सा नहीं होता , जिस प्रकार वृक्ष मौसम के अनुसार सूखता, हरा-भरा या फलों से लदा रहता है उसी प्रकार मनुषय के जीवन में भी उतार चढाव आते रहते हैं , अतः अगर तुम कभी भी बुरे दौर से गुजर रहे हो तो अपनी हिम्मत और धैर्य बनाये रखो , समय अवश्य बदलता है।

और तीसरी बात , अपनी बात को ही सही मान कर उस पर अड़े मत रहो, अपना दिमाग खोलो , और दूसरों के विचारों को भी जानो। यह संसार ज्ञान से भरा पड़ा है , चाह कर भी तुम अकेले सारा ज्ञान अर्जित नहीं कर सकते , इसलिए भ्रम की स्थिति में किसी ज्ञानी व्यक्ति से सलाह लेने में संकोच मत करो।

रोचक हिंदी कहानी का खूबसूरत संसार – तीन सीख देती एक कहानी ..

Subscribe to   my channel for more videos:

https://monicagupta.info/subscribe-youtube-channel

  • « Previous Page
  • 1
  • …
  • 106
  • 107
  • 108
  • 109
  • 110
  • …
  • 391
  • Next Page »

Stay Connected

  • Facebook
  • Instagram
  • Pinterest
  • Twitter
  • YouTube

Categories

छोटे बच्चों की सारी जिद मान लेना सही नही

Blogging Tips in Hindi

Blogging Tips in Hindi Blogging यानि आज के समय में अपनी feeling अपने experience, अपने thoughts को शेयर करने के साथ साथ Source of Income का सबसे सशक्त माध्यम है  जिसे आज लोग अपना करियर बनाने में गर्व का अनुभव करने लगे हैं कि मैं हूं ब्लागर. बहुत लोग ऐसे हैं जो लम्बें समय से […]

GST बोले तो

GST बोले तो

GST बोले तो –  चाहे मीडिया हो या समाचार पत्र जीएसटी की खबरे ही खबरें सुनाई देती हैं पर हर कोई कंफ्यूज है कि आखिर होगा क्या  ?  क्या ये सही कदम है या  देशवासी दुखी ही रहें …  GST बोले तो Goods and Service Tax.  The full form of GST is Goods and Services Tax. […]

डर के आगे ही जीत है - डर दूर करने के तरीका ये भी

सोशल नेटवर्किंग साइट्स और ब्लॉग लेखन

सोशल नेटवर्किंग साइट्स और ब्लॉग लेखन – Social Networking Sites aur Blog Writing –  Blog kya hai .कहां लिखें और अपना लिखा publish कैसे करे ? आप जानना चाहते हैं कि लिखने का शौक है लिखतें हैं पर पता नही उसे कहां पब्लिश करें … तो जहां तक पब्लिश करने की बात है तो सोशल मीडिया जिंदाबाद […]

  • Home
  • Blog
  • Articles
  • Cartoons
  • Audios
  • Videos
  • Poems
  • Stories
  • Kids n Teens
  • Contact
  • Privacy Policy
  • Terms of Use
  • Disclaimer
  • Anti Spam Policy
  • Copyright Act Notice

© Copyright 2024-25 · Monica gupta · All Rights Reserved